Jab Kabhi Woh Udaas Ho Jaya Karti Hai......
वो अक्सर मद्धम मद्धम सा मुस्कुराया करती है, शरारत भरी आंखों से मुझे छेड़ जाया करती है, सताके मुझे जब वो अपना प्यार जताया करती है, न जाने क्यूँ मुझे उससे मोहोब्बत हो जाया करती है, देख के मुझे वो अक्सर मुस्कुराया करती है, झील सी गहरी आंखों से कुछ कह जाया करती है, हँसते हँसते जब वो झूठ मूठ का रूठ जाया करती है, न जाने क्यूँ मुझे उससे मोहोब्बत हो जाया करती है, जब कभी वो उदास हो जाया करती है, अपनी आंखों से मोती बरसाया करती है, फिर सुनके मेरी कोई बेवकूफी वो हंस जाया करती है, न जाने क्यूँ मुझे उससे मोहोब्बत हो जाया करती है, कभी करती है बातें बड़ों सी और कभी बच्ची बन जाया करती है, अपनी अदाओं से वो अक्सर मुझे रिझाया करती है, आंखों में छुपाके मोहोब्बत जब लबों से इंकार कर जाया करती है, न जाने क्यूँ मुझे उससे मोहोब्बत हो जाया करती है, नलिन English Version Woh Aksar Maddham Sa Muskuraya Karti Hai, Sharart Bhari Aankhon Se Mujhe Ched Jaya Karti Hai, Satake Mujhe Jab Woh Apna Pyar Jataya Karti Hai, Na Jane Kyun Mujhe Ussay Mohobbat Ho Jaya Karti Hai Dekh Ke Mujhe Woh Aksar Muskuraya Karti Hai, Jheel Si...